यह शब्द हर कलाकार गाता है तो माली पर बवाल क्यो???

भील समाज पर अभद्र गायकी को लेकर बवाल पर सिर्फ प्रकाश जी माली ही क्यो 

आइये जानते है।

1.महादेव के इस भजन में (भीलणी रंगीली) इस मे यह शब्द अंकित है जिसे हर कलाकार गाता है। भील जात भिखियारी बाबा मत प्रीत हारी, यह शब्द म्हने भी पढा है। तो प्रकाश जी तो उस शब्द को गाया है।

2.आज कल की बात नही है जब से प्रकाश जी गाते आ रहे है तब से दुनिया दीवानी हो गई आज भी लोग प्रकाश को सुनने दूर दूर से आते है। क्यो अगर गलत होता को लोग पास वाले भी नही आते।



3. प्रकाश जी की बात नही है। आप यूट्यूब पर भीलणी रंगीली भजन को सर्च बार सर्च करो आप को जिसे गाना आता है। उस गायक ने यह गाना जरूर गाया है। स्वर्गीय बावजी रामनिवास जी राव ने भी इस भजन को कई बार गाया है तो प्रकाश जी पर बवाल क्यो?
4.अपना नाम भारत में ही नही बल्कि जिसे दुनिया जानती है आज कल लोग एक भजन गा कर अपने आप को सिंगर गायक समझे है। वो ही ऐसा काम करते पर जो सत्य होता है उसकी हमेशा जीत ही होती है। पर वो लोग ऐसा करते क्यो है?

5.आप प्रकाश जी माली पर इस भजन को गाया है उसको बवाल के रूप में ना खड़ा कर प्रकाश जी माली ने माफी भी मांग ली है ।

भारत के सभी संगीत प्रेमी प्रकाश जी माली के साथ है और रहेंगे जो लोग उन्हें झूठा भील समाज को लेकर उनका ध्यान पलट रहे है। भील (नायक) समाज से एक बार पुनः हम सभी क्षमा चाहते है। आज से पहले ऐसी गलती ना हुईं ना होगी

 महेंद्र सिंह राठौड़ मित्र मंडल पुखराज भाई राजस्थानी

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